बिजली कर्मियों पर स्थानीय ओबरा पुलिसकर्मियों द्वारा अनावश्यक रूप से उत्पीड़न

ओबरा। सोनभद्र परियोजना कॉलोनी परिसर में बिजली कर्मियों पर स्थानीय ओबरा पुलिसकर्मियों द्वारा अनावश्यक रूप से उत्पीड़न की कार्यवाही किए जाने से आक्रोशित विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने स्थानीय मुख्य महाप्रबंधक ओबरा तापीय परियोजना ,प्रबंध निदेशक उत्पादन निगम, जिलाधिकारी सोनभद्र ,पुलिस अधीक्षक सोनभद्र को पत्र लिखकर ओबरा थाने के दोषी पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कराते हुए उनके विरुद्ध विधिक कार्यवाही करने की मांग की है पत्र के माध्यम से संघर्ष समिति ने ओबरा तापीय परियोजना के मुख्य महाप्रबंधक को अवगत कराया है कि परियोजना में वर्तमान में कोरोना जैसे वैश्विक महामारी में स्वास्थ्य कर्मी, सफाई कर्मी, पुलिसकर्मी एवं अन्य के साथ साथ बिजली कर्मी भी अपने अपने परिवार की जान को जोखिम में डालते हुए प्रदेश की जनता को निर्बाध रूप से विद्युत आपूर्ति में लगे हुए हैं वही कुछ स्थानीय पुलिसकर्मियों द्वारा बिजली कर्मियों का अमर्यादित भाषाओं का प्रयोग कर उत्पीड़न की कार्यवाही की जा रही है ।संघर्ष समिति से जुड़े विभिन्न ट्रेड यूनियनों के पदाधिकारियों में इं बीएन सिंह, इं अदालत वर्मा, इं मनीष कुमार मिश्रा,इं आरजी सिंह, इं अभय प्रताप सिंह,श्री शशिकान्त श्रीवास्तव, मोहम्मद शाहिद अख्तर,श्री सत्य प्रकाश सिंह, श्री अजय कुमार सिंह ,श्री हरदेव नारायण तिवारी,श्री आरपी त्रिपाठी ,श्री अंबुज सिंह, श्री योगेंद्र प्रसाद, श्री दिनेश यादव, श्री बीडी तिवारी,श्री विजय कुमार सिंह,श्री दीपक सिंह, श्री लालचंद सहित कई पदाधिकारियों ने बताया कि विगत 30 अप्रैल को कॉलोनी परिसर में आवास संख्या 1-ई-ई-7 के सामने विद्युत उत्पादन से जुड़े आकस्मिक  कार्यवश परियोजना कार्यस्थल पर जाने के लिए वाहन का इंतजार कर रहे थे उसी दौरान उनके आवास के सामने पुलिस की सफेद रंग की बोलेरो जीप में बैठे पुलिसकर्मी रुके और तुरंत अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए उन्हें लाठी से पीटने लगे ।अभियंता अधिकारियों द्वारा बार-बार पुलिसकर्मियों को कहा गया कि उनके पास गेट पास है और वह इमरजेंसी में फाल्ट को दूर करने के लिए वाहन का इंतजार कर रहे हैं परंतु पुलिसकर्मियों द्वारा अभियंता अधिकारियों की एक न सुनी गई इस घटना से परियोजना के अधिकारियों एवं कर्मचारियों में गहरा असंतोष व्याप्त है ।संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने यह भी कहा कि विगत दिनों कुछ स्थानीय मार्केट के तथाकथित व्यक्तियों के साथ उनके दो पहिया वाहन पर सवार पुलिस के जवानों द्वारा परियोजना कॉलोनी सेक्टर 4 एवं अन्य सेक्टरों के रहवासी क्षेत्र में परियोजना कर्मियों व उनके परिवार के सदस्यों को लाठी डंडे से पीटा गया था जिस के संबंध में भिन्न-भिन्न संगठनों के पदाधिकारियों द्वारा मौखिक रूप से स्थानीय थाना प्रभारी को अवगत भी कराया गया था किंतु पुलिस प्रशासन द्वारा इस पर कोई ठोस कार्यवाही नहीं की गई इससे नाराज संघर्ष समिति के समस्त ट्रेड यूनियनों ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि पुलिस के उच्च अधिकारियों द्वारा दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ विधिक कार्यवाही नहीं की गई तो इससे परियोजना में औद्योगिक अशांति उत्पन्न हो सकती है जिसके लिए समस्त जिम्मेदारी पुलिस प्रशासन एवं जिला प्रशासन की होगी।
सोनभद्र से ब्यूरो चीफ दिनेश उपाध्याय की रिपोर्ट