कोविड-19 स्पेशल हास्पिटल बनाने से बिगड़ सकते हैं हालात-राजसुशील पासवान

ओबरा(सोनभद्र) तापीय परियोजना चिकित्सालय को कोविड हॉस्पिटल बनाये जाने की सुचना से आहत सामाजिक कार्यकर्ता राज सुशील पासवान ऊर्फ बबलु लैड ने रोष व्यक्त किया। श्री पासवान ने बताया कि पूर्व दिनो संयुक्त संघर्ष समिति ने भी विरोध जताते हुए चिकित्सालय को लगभग दो वर्षों के लिए कोविड हॉस्पिटल में तब्दील करने की सुदबुदाहद पर अंकुश लागने की बात रखी थी। जिला मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा परियोजना चिकित्सालय का भौतिक निरिक्षण करने की खबर सुनते ही आम जन मानस में हड़कंप मच गया था। जबकि इस क्षेत्र में एकमात्र परियोजना का अस्पताल होने की वजह से बड़ी तादात में मरीजों के उपचार की व्यवस्था हररोज सुनिश्चित होती है, चिकित्सालय चारों ओर रहवासी आवासों से घिरा हुआ है इसकी वजह से वैश्विक महामारी के संदिग्धों की चिकित्सा मुहैया कराना बेहद खतरनाक साबित हो सकता है। क्षेत्र में संक्रमण के बढ़ते खतरे के मद्देनजर कोविड चिकित्सालय के लिए परियोजना के हास्पिटल का चयन किसी भी हालात में नहीं किया जाना चाहिए। आम जनमानस के स्वास्थ्य लाभ पर ग्रहण लग सकता है। अगर इस विषय को गंभीरता से नहीं लिया गया तो हम सभी के जिंदगीयों का खिलवाड़ बन सकता है। और स्थिति अत्यन्त विस्फोट हो सकती है। परियोजना चिकत्सालय को कोविड हॉस्पिटल के रूप में अधिग्रहित करया जायेगा तो सैध्दान्ति आंदोलन करने को बाध्य होगें।
सोनभद्र से ब्यूरो चीफ दिनेश उपाध्याय की रिपोर्ट